BIg BREAKING: हिमाचल शिक्षा बोर्ड ने टीईटी परीक्षा का शेड्यूल किया जारी
हिमाचल शिक्षा बोर्ड ने 8 विषयों की डेट परीक्षाओं का शेड्यूल जारी कर दिया है। टेट की परीक्षाओं के लिए आवेदन 19 अक्टूबर से शुरू हो जाएंगे। सामान्य वर्ग के लिए फीस ₹800 व sc.st.obc वह हैंडिकैप्ड के लिए ₹500 फीस होगी ।
हिमाचल में टीजीटी , भाषा अध्यापकों, व जेबीटी की भर्ती जाने यहाँ
पेटीएम, एअरटेल, व इंडिया मार्ट में 200 पदों पर भर्ती
पेटीएम, एअरटेल, व इंडिया मार्ट में 200 पदों पर भर्ती
जिला रोजगार कार्यालय द्वारा 20 अक्टूबर 2020 को जिला रोजगार कार्यालय में कैंपस इंटरव्यू का आयोजन किया जा रहा है। जिसमें कंपीटेंट Synergies मोहाली द्वारा एयरटेल पेटीएम, इंडियामार्ट, इंडिया बुल्स में बीपीओ के 200 पद भरे जाएंगे।
उम्र :आवेदक की उम्र 18 से 32 वर्ष होनी चाहिए
District wise LT BATCHWISE RECRUITMENT SEE HEREशैक्षणिक योग्यता: इन पदों के लिए शैक्षणिक योग्यता 12वीं से स्नातक रखी गई है
सैलरी : चयनित युवाओं को पहले 1 माह का प्रशिक्षण दिया जाएगा जिसमें ₹3500 प्रशिक्षण भता दिया जाएगा।
इसके पश्चात युवाओं को ₹10000 प्रति महीना वेतन दिया जाएगा।
कैसे होगा चयन : उम्मीदवारों का चयन साक्षात्कार के माध्यम से किया जाएगा।
इंटरव्यू का स्थान :इंटरव्यू जिला रोजगार कार्यालय चंबा रंग महल में होगा।
कौन कौन से दस्तावेज साथ लेकर जाने हैं : इच्छुक उम्मीदवार साक्षात्कार के लिए शैक्षणिक योग्यता के मूल प्रमाण पत्र, पासपोर्ट साइज फोटो, रोजगार कार्यालय का प्रमाण पत्र, आधार कार्ड, बायोडाटा लेकर निर्धारित स्थान पर 20 अक्टूबर को 10:30 बजे उपस्थित हो जाएं।
विशेष हिदायत :
इस जिले में भाषा अध्यापकों की बैचवाईज भर्ती के लिए काउंसलिंग की तारीख जारी
जिला किन्नौर में भाषा अध्यापक के पदों को बैच वाइज भरने की प्रक्रिया शुरू हो गई है । किन्नौर में भाषा अध्यापक के अनुबंध के आधार पर 2 पदों के लिए साक्षात्कार स्थाई अक्टूबर को उपदेशक प्रारंभिक शिक्षा जिला किन्नौर स्थित रिकांग पिओ में होगा।
कैटेगरी के अनुसार पदों का विवरण इस प्रकार है; 2 पदों में से 1 पद अनुसूचित जनजाति व एक पद अनुसूचित जाति आईआरडीपी से संबंधित अभ्यर्थियों के लिए आरक्षित है ।
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कब होगा साक्षात्कार?
प्रारंभिक उप शिक्षा निदेशक ने बताया कि रोजगार कार्यालय से योग्य अभ्यर्थियों के नाम मंगवाए गए थे और पात्र अभ्यर्थियों का साक्षात्कार 23 अक्टूबर को सुबह 11:00 बजे कार्यालय में होगा।
BREAKING : एसएमसी शिक्षकों को दिवाली से पहले मिलेगा लंबित वेतन : सरकार
हिमाचल प्रदेश के सरकारी स्कूलों में एसएमसी आधार पर कार्यरत शिक्षकों को सरकार दिवाली से पहले बड़ी राहत देने की तैयारी में है।
किसे मिलेगा वेतन?
वैसे तो सरकार सभी शिक्षकों को वेतन देगी। लेकिन ऐसे शिक्षक जो स्कूलों में बच्चों को आनलाइन माध्यम से पढ़ा रहे हैं, उन्हें इसका मानदेय देने की तैयारी है। प्रारंभिक शिक्षा विभाग ने इसको लेकर शिक्षकों का डाटा तैयार करना शुरू कर दिया है। शिक्षा उपनिदेशक शिमला भाग चंद चौहान की ओर से इस संबंध में सभी स्कूलों के प्रधानाचार्यों और मुख्य अध्यापकों को सर्कुलर भेजा गया है।
क्या है आदेश?
एक दिन के भीतर पूरा डाटा तैयार कर उपनिदेशक कार्यालय भेजने के निर्देश दिए गए हैं। इसमें पूछा गया है कि जिला में कितने शिक्षक एसएमसी आधार पर कार्यरत हैं। कितने शिक्षक लगातार बच्चों की आन लाइन कक्षाएं ले रहे हैं। कितने महीनों से इन शिक्षकों को वेतन नहीं दिया गया है। हिमाचल प्रदेश उच्च न्यायालय ने एसएमसी शिक्षकों की नियुक्तियों को रद कर दिया था। शिक्षकों ने प्रदेश उच्च न्यायालय के फैसले को सुप्रीमकोर्ट में चुनौती दी थी। सुप्रीम कोर्ट ने हाईकोर्ट के फैसले पर रोक लगा दी है। जिसके बाद विभाग ने वेतन का ब्यौरा जुटाने की प्रक्रिया शुरू की है।
कला व शारीरिक शिक्षकों के 500 पद भरे जाएंगे : शिक्षा मंत्री
जेबीटी पदों पर बैचवाईज भर्ती : 27 अक्तूबर को होगी काउंसलिंग
बैचवाईज भर्ती : बीएड के 28 साल बाद 8 साल के लिए मिली नौकरी,
बैच वाइज भर्ती 28 साल के इंतजार के बाद मिली नौकरी सिर्फ 8 साल के लिए
28 साल पहले B.Ed की थी 50 साल की उम्र में जाकर सरकारी नौकरी मिली। महज 8 साल नौकरी करने के बाद सेवानिवृत्त हो जाएंगे। इन 8 साल की नौकरी में अभी 3 साल अनुबंध पद पर कार्य करना पड़ेगा। अभी हाल ही में शिक्षा विभाग में बैच वाइज भर्ती सूची जारी की जिसमें से एक नहीं बल्कि कई मामले ऐसे हैं।
3 शिक्षक ऐसे हैं जिनकी उम्र 50 साल है इसके अलावा कईयों की उम्र 48, 49, 45 साल के आसपास है।
शिक्षा विभाग के अनुसार बीएड डिग्री धारक इतने ज्यादा है कि सरकारी क्षेत्र में बैच वाइज भर्ती के नंबर आते-आते रिटायरमेंट की उम्र तक आ जाती है।
हालांकि सरकारी टीचर लगने की उम्र 45 वर्ष है लेकिन बैच वाइज भर्ती में उम्र छूट मिल जाती है इन शिक्षकों को फिलहाल 5 साल अनुबंध के आधार पर काम करना होगा उसके बाद नियमित किया जाएगा। इस दौरान इन्हें ₹13900 मासिक वेतन और और साल में 3 फीसद इंक्रीमेंट लगेगी
कौन सा बैच चल रहा है?
अब तक शिक्षा विभाग के मुताबिक अभी टीजीटी आर्ट सामान्य श्रेणी 2000, ओबीसी 2003 और बीपीएल श्रेणी में 2004 का बैच है।
टीजीटी नॉन मेडिकल में सामान्य श्रेणी में 1999 ओबीसी सामान्य श्रेणी में 2002 और बीपीएल श्रेणी में 2004 का मैच है।
टीजीटी मेडिकल में सामान्य श्रेणी में 2001 का वह चल रहा है इससे अंदाजा लगाया जा सकता है कि बैच वाइज आधार पर नंबर कब आएगा ।
BREAKING NEWS : स्कूलों को खोलने के लिए सेहत विभाग ने जारी की गाइडलाइन्स
BREAKING NEWS : स्कूलों को खोलने के लिए सेहत विभाग ने जारी की गाइडलाइन्स।
15 अक्तूबर से नहीं खुलेंगे स्कूल : शिक्षा मंत्री
पंजाब सरकार द्वारा 15 अक्टूबर से पंजाब में स्कूलों को फिर से खोलने की घोषणा करने के कुछ दिनों बाद, राज्य के शिक्षा मंत्री विजय इंदर सिंगला ने बुधवार को इससे इनकार कर दिया।
उन्होंने कहा कि गुरुवार, 15 अक्टूबर से पंजाब में स्कूल नहीं खुलेंगे।
शिक्षा मंत्री विजय इंदर सिंगला ने कहा कि विभाग ने पंजाब में स्कूलों को फिर से खोलने के लिए एक विस्तृत मानक संचालन संचालन प्रक्रिया (एसओपी) बनाई है, जिसे विचार के लिए स्वास्थ्य मंत्रालय को भेजा गया है।
“जब स्वास्थ्य विभाग एसओपी जारी करेगा तभी राज्य सरकार पंजाब में स्कूलों को फिर से खोलने की तारीख तय करेगी।
उन्होंने आगे बताया कि कक्षा 9 से 12 के छात्रों को पहले चरण में स्कूलों में आने की अनुमति दी जाएगी, लेकिन छात्रों को उस के लिए अपने माता-पिता की सहमति लेने की आवश्यकता है।
इस बीच, सभी छात्रों के लिए हाजरी आवश्यक नहीं होगी, क्योंकि वे ऑनलाइन कक्षाओं में भाग ले सकते हैं।
हमने विस्तृत एसओपी में सभी उपाय और एहतियात बरते हैं, और स्वास्थ्य मंत्रालय द्वारा इसे मंजूरी दिए जाने के बाद इसे जारी किया जाएगा।
स्कूलों में 7852 मल्टी टास्क वर्करों की भर्ती प्रक्रिया शुरू
हिमाचल के स्कूलों में 7852 पार्ट टाइम मल्टी टास्क वर्करों की भर्ती प्रक्रिया शुरू, ऐसे करें आवेदन
हिमाचल के सरकारी स्कूलों में 7,852 पार्ट टाइम मल्टी टास्क वर्करों की भर्ती प्रक्रिया शुरू हो गई है। राज्यपाल से मंजूरी मिलने के बाद मंगलवार को शिक्षा विभाग ने नियुक्ति प्रक्रिया को अधिसूचित कर दिया है। उपमंडलाधिकारी (नागरिक) की अध्यक्षता वाली चयन कमेटी नियुक्तियां करेगी। इन वर्करों को प्रतिमाह 5,625 रुपये वेतन मिलेगा। नियुक्तियां करने से पहले स्कूल और ग्राम पंचायत के नोटिस बोर्ड पर विज्ञापन लगाए जाएंगे। अभ्यर्थियों को खंड प्रारंभिक शिक्षा अधिकारी (बीईओ) के पास सादे कागज पर आवेदन करना होगा।
कैसे होगा चयन?
30 नंबरों के आधार पर इनका चयन किया जाएगा। स्कूल को खोलना और बंद करना, परिसर और कक्षाओं में सफाई करना, पीने के पानी का इंतजाम करना और स्कूल की डाक को अन्य विभागों में पहुंचाना आदि इनका काम होगा। एसडीएम की अध्यक्षता वाली चयन कमेटी में खंड प्रारंभिक शिक्षा अधिकारी/प्रिंसिपल/हेडमास्टर सचिव होंगे जबकि स्कूल मैनेजमेंट कमेटी अध्यक्ष को सदस्य बनाया जाएगा।
जिस गांव या ग्राम पंचायत के स्कूल में भर्ती की जानी है, वहां के स्थानीय निवासी को इसमें प्राथमिकता दी जाएगी। साथ लगते गांव में अगर कोई स्कूल नहीं है तो वहां का निवासी भी आवेदन कर सकेगा। भर्ती के लिए स्थानीय स्कूल की ओर से बीईओ को मांग भेजी जाएगी। बीईओ इस मांग को निदेशालय भेजेंगे। निदेशालय से मंजूरी के बाद भर्ती का विज्ञापन जारी किया जाएगा। इस विज्ञापन को संबंधित स्कूल सहित ग्राम पंचायत के नोटिस बोर्ड पर चस्पा किया जाएगा
मैरिट कैसे बनेगी?
वर्कर के घर से स्कूल की दूरी के आधार पर दस नंबर होंगे। इसमें डेढ़ किलोमीटर के दायरे वाले आवेदक को दस नंबर दिए जाएंगे। दो किलोमीटर दायरे पर आठ, तीन किलोमीटर पर छह, चार किलोमीटर पर चार और पांच किलोमीटर की दूरी पर दो नंबर मिलेंगे।
इसके अलावा पांचवीं कक्षा पास को पांच नंबर, आठवीं पास को आठ नंबर मिलेंगे। विधवा या पति से अलग रहने वाली महिला को तीन नंबर मिलेंगे। स्कूल को भूमि देने वाले परिवार के सदस्य को तीन नंबर दिए जाएंगे। एससी, एसटी, ओबीसी, बीपीएल कोटे के आवेदक को तीन नंबर मिलेंगे। बेरोजगार परिवार के सदस्य को भी तीन नंबर मिलेंगे।
B.Sc B.Ed ही नहीं योग( Yoga) में डिप्लोमा वाले भी बने हिंदी अध्यापक
नियमों के विपरीत अपात्र अभ्यर्थियों की नियुक्तियों का मामला काफी गर्मा गया है। अब एक योग विषय में स्नातक महिला अभ्यर्थी को भाषा अध्यापक के पद पर नौकरी देने की बात सामने आई है। इसका खुलासा सूचना का अधिकार अधिनियम से ली जानकारी से हुआ है। शिक्षा विभाग ने आरटीआई में बताया कि महिला शिक्षक ने वर्ष 1996 में बैचलर ऑफ एजूकेशन इन योगा में डिप्लोमा किया है।
महिला को 2016-17 में भाषा अध्यापक पद पर नियुक्ति दी गई है। हमीरपुर जिले के एक स्कूल में सेवाएं दे रही महिला शिक्षक को इसी वर्ष 2020 में अनुबंध कार्यकाल पूरा होने पर नियमित किया गया है। शिकायतकर्ता ने प्रारंभिक शिक्षा विभाग से मामले में कार्रवाई की मांग उठाई है। वर्ष 2004-05 में बीएससी बीएड करने और वर्ष 2015-16 में हिंदी में स्नातकोत्तर करने वाले करीब 9 अभ्यर्थियों को प्रारंभिक शिक्षा विभाग ने 2017 में भर्ती एवं पदोन्नति नियमों के विपरीत नियुक्तियां दी हैं।
शिक्षा मंत्रालय के आदेश, सरपलस शिक्षकों को गांवों में भेजें
प्रदेश के सरकारी स्कूलों में सरप्लस शिक्षकों को एक बार फिर से ग्रामीण क्षेत्रों के स्कूलों में भेजने की तैयारी शुरू होगी। मंगलवार को केंद्रीय शिक्षा मंत्रालय ने इस बाबत समग्र शिक्षा विभाग को आदेश दिए है। वहीं कहा है कि राज्य में वर्तमान में सरप्लस शिक्षकों का ब्यौरा एकत्रित किया जाएं, वहीं कितने शिक्षक एक स्कूल में सेवाएं दे रहे हैं, यह सब चैक आउट किया जाए। केंद्र सरकार ने साफ किया है कि आरटीई में तय किए गए नियमों के तहत छात्रों की संख्या के आधार पर ही शिक्षकों को तैनाती देनी चाहिए। केंद्र सरकार ने कहा है कि जनजातीय व ग्रामीण क्षेत्रों में जहां शिक्षक नहीं जाना चाहते है, वहां पर ड्यूटी लगाई जाए, ताकि छात्रों की पढ़ाई पर बुरा प्रभाव न पड़े।
इसके मंगलवार को आयोजित केंद्रीय शिक्षा मंत्रालय के साथ विडियो कॉन्फ्रेंस में यह भी निर्देष दिए गए कि केंद्र की ओर से हिमाचल को शिक्षा पर जो बजट जारी होता है, उसका पूरा ब्यौरा पीएफएमएस पोर्टल पर दिया जाएं। समग्र शिक्षा विभाग को इस बाबत ब्लॉक व स्कूल प्रबंधन को भी पीएफ एमएस पर जानकारी देने को कहा गया है। गौर हो कि नई शिक्षा नीति के तहत भी शिक्षा में गुणवत्ता लाने के निर्देश दिए गए हैं। ऐसे में माना जा रहा है कि यदि ग्रामीण स्कूलों में जब शिक्षक ही नहीं होंगे, तो इसका असर छात्रों की संख्या के साथ-साथ शिक्षा की गुणवत्ता पर पढ़ना तय है। ऐसे अब केंद्र के नए आदेशों के अनुसार अब जिन स्कलों में जरूरत से ज्यादा शिक्षक हैं, उन्हें ग्रामीण स्कूलों में जाना ही होगा।
हिमाचल में भूकंप के झटके, भूकंप का केंद्र शिमला
जिला शिमला के कई क्षेत्रों में आज शाम 4:00 बज कर 38 मिनट पर भूकंप के झटके महसूस किए गए रिक्टर स्केल पर भूकंप की तीव्रता 3.1 मापी गई हालांकि जिले के किसी भी क्षेत्र से जान माल के नुकसान की सूचना नहीं है भूकंप के झटके महसूस होने पर शहर में कई लोग अपने घरों से बाहर निकल आए।
मौसम विज्ञान केंद्र शिमला के निदेशक डॉ मनमोहन सिंह ने बताया कि भूकंप का केंद्र जिला शिमला था लोगों ने एक दूसरे को फोन कर इस बाबत सूचित किया।
पृथ्वी पर होने वाली सबसे बड़ी और विनाशकारी हलचल को भूकंप के नाम से जाना जाता है। भूकंप की तीव्रता को मापने के लिए एक पैमाने का विकास किया गया है ।1935 में अमेरिकी भूविज्ञानी ने भूकंप की तीब्रता को मापने के लिए एक पैमाने का विकास किया ।
इन विज्ञानी का नाम था चार्ल्स रिक्टर, रिक्टर स्केल इस विज्ञानी के नाम पर रखा गया । इस स्केल से पृथ्वी की सतह पर उठने वाली भूकंपीय तरंगों के वेग को मापा जा सकता है।

















































